॥ ॐ श्री शिवकृपानंद स्वामी नमो नमः ॥
॥ ॐ श्री शिवकृपानंद स्वामी नमो नमः ॥
--------------------------------------------------
बोलना शरीर से होता है ,महसूस हम आत्मा के द्वारा करते है । इस पूरी ही प्रक्रिया में महसूस करना महत्वपूर्ण है । इसलिए मंत्र के एक -एक शब्द को धीरे -धीरे बोलो और महसूस करके बोलो तो तीन बार मंत्रजाप करने से ध्यान लग जाएगा ।
बाबा स्वामी
श्री सदगुरुदेवजी के
र्हदय से . . .
--------------------------------------------------
बोलना शरीर से होता है ,महसूस हम आत्मा के द्वारा करते है । इस पूरी ही प्रक्रिया में महसूस करना महत्वपूर्ण है । इसलिए मंत्र के एक -एक शब्द को धीरे -धीरे बोलो और महसूस करके बोलो तो तीन बार मंत्रजाप करने से ध्यान लग जाएगा ।
बाबा स्वामी
श्री सदगुरुदेवजी के
र्हदय से . . .
Comments
Post a Comment